पाकिस्तान क्रिकेट टीम की स्थिति खराब, राजनीतिक संकट का असर
चैंपियंस ट्रॉफी का आयोजन किस देश में होगा, इसको लेकर लगातार बवाल जारी है। इससे पहले ही पाकिस्तान क्रिकेट टीम के हालात बदतर होते जा रहे है। इसकी वजह इस्लामाबाद में चल रहे राजनीतिक विरोध प्रदर्शन है, जिसका असर खेलों पर पड़ता दिख रहा है।
इस विरोध के चलते श्रीलंकाई ए टीम ने पाकिस्तान में खेली जा रही वनडे सीरीज को बीच में छोड़कर अपने घर जाने का फैसला लिया। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने मंगलवार को बताया कि उन्होंने इस बारे में श्रीलंकाई बोर्ड से बातचीत की थी।
Pakistan में खेली जा रही सीरीज को बीच में छोड़कर स्वदेश लौटी श्रीलंकाई टीम
दरअसल, पीसीबी ने मगंलवार को ये कंफर्म किया कि श्रीलंकाई बोर्ड से बातचीत के बाद पाकिस्तान शाहीन बनाम श्रीलंका ए के बीच बाकी दो वनडे मैच को पोस्टपोन कर दिया गया। पोस्टपोन मैच रावलपिंडी में बुधवार और शुक्रवार को खेले जाने।
इससे पहले पाकिस्तान शाहीन ने मेहमान टीम को 108 रन से मात दी थी। पीसीबी ने इस दौरान कहा कि दोनों बोर्ड साथ में मिलकर नई तारीख फाइनल करेंगे कि कब सीरीज पूरी की जाएगी।
पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ ने रविवार से मुख्य इस्लामाबाद की ओर विरोध मार्च शुरू कर दिया है। प्रदर्शनकारियों और कानून प्रवर्तन और सुरक्षा बलों के बीच झड़प और हिंसा की घटनाएं सामने आई हैं।
इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर पीटीआई कार्यकर्ता और उनके समर्थक इस्लामाबाद तक प्रोटेस्ट मार्च निकाल रह थे। सरकार ने उन्हें रास्ते में रोकने की कोशिश की, जिसके बाद इमरान समर्थक उग्र हो गए।
Champions Trophy की मेजबानी को लेकर इस दिन ICC सुनाएगा फैसला
आईसीसी ने चैंपियंस ट्रॉफी के आयोजन को लेकर 29 नवंबर को बैठक बुलाई है। इस बैठक में पाकिस्तान द्वारा हाइब्रिड मॉडल को खारिज करने और भारत के पाकिस्तान की यात्रा ना करने के मसले पर समाधान तलाशने की कोशिश की जाएगी। यह बैठक वर्चुअल होगी और इस पर अंतिम निर्णय ICC बोर्ड के अहम सहमति पर पहुंचने के बाद लिया जाएगा। गौरतलब हो कि टेनटेटिव शेड्यूल के अनुसार, 8 टीमों वाला यह टूर्नामेंट 19 फरवरी से खेला जाना है।

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