कॉल ड्रॉप और खराब नेटवर्क से 89% उपभोक्ता बेहाल, सर्वे ने खोली कंपनियों की नींद
देश में टेलीकॉम क्रांति का दावा किया जाता है. बताया जाता है कि भारत 5जी नेटवर्क कवरेज के मामले में दुनिया के शीर्ष देशों में शामिल है. यहां तक कि 6जी पर भी काम चल रहा है. लेकिन, जमीनी हकीकत कुछ और कहानी बता रही है. हाल में ही हुए एक सर्वे के मुताबिक खराब नेटवर्क और कॉल ड्रॉप इतनी आम बात है कि तकरीबन 89 फीसदी यूजर्स इससे पीड़ित हैं. टेलीकॉम नियामक TRAI की तरफ से कई बार इस मसले पर टेलीकॉम कंपनियों को दिशानिर्देश दिए गए हैं. लेकिन, पिछले 12 महीनों में इस संबंध में किसी तरह का कोई बदलाव देखने को नहीं मिला है.
LocalCircles के सर्वेक्षण के मुताबिक 89% मोबाइल यूजर ने माना है कि उन्होंने पूअर कॉल कनेक्शन और कॉल ड्रॉप की समस्या का सामना किया है. वहीं, 40% यूजर्स का कहना है कि यह समस्या उनके साथ रूटीन बन गई है. यूजर्स का कहना है कि पिछले 12 महीने से लगातार वे इससे जूझ रहे हैं. इसके अलावा करी 22% यूजर्स का कहना है कि टेलीकॉम कंपनियों के नेटवर्क से उनका भरोसा ही उठ गया है, वे कॉल करने के लिए वाईफाई का इस्तेमाल करते हैं. यह सर्वेक्षण देश के 342 जिलों में किया गया. इस सर्वे में 56,000 से अधिक लोगों को शामिल किया गया है.
नहीं काम आई ट्राई की सख्ती
टेलीकॉम रेगुलरेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया यानी TRAI ने पिछले साल मई में टेलीकॉम कंपनियों को कॉल ड्राप की समस्या में सुधार के लिए कहा था. हालांकि, ट्राई की सख्ती खास काम नहीं आई है. इसी वर्ष फरवरी में ट्राई ने टेलीकॉम कंपनियों से अपनी सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार के लिए नए नियम बनाए. हालांकि, सभी कंपनियों ने इन सुधारों का विरोध किया है. यहां तक कि इन सुधारों पर किसी टेलीकॉम कंपनी ने अमल किया है, यह भी तय नहीं है.
सर्वे में क्या आया सामना?
सर्वेक्षण के सारांश में बताया गया है कि सर्वेक्षण में शामिल 89 फीसदी मोबाइल उपभोक्ताओं ने कॉल कनेक्शन और ड्रॉप की समस्या की पुष्टि की है. इसके अलावा 40 फीसदी यूजर्स का कहना है कि उन्हें अक्सर इस समस्या का सामना करना पड़ता है. सर्वेक्षण में बताया गया है कि कॉल कनेक्शन और ड्रॉप की समस्या में पिछले 12 महीनों में कोई सुधार नहीं हुआ है.
वाई-फाई कॉलिंग बना विकल्प
कॉल ड्रॉप और कनेक्टिविटी समस्याओं के संबंध में सर्वेक्षण में पूछा गया कि कितनी बार उन्हें वाई-फाई कॉल करना पड़ता है. इस सवाल के जवाब में 32 फीसदी यूजर ने कहा कि 10 फीसदी से ज्यादा बार उन्हें वाई फाई कॉलिंग करनी पड़ती है. वहीं, 20 फीसदी लोगों ने कहा कि 20 फीसदी कॉल वाई-फाई से ही करते हैं. वहीं, 7 फीसदी लोगों ने कहा कि 50 फीसदी तक कॉल वाई फाई से करने पड़ते हैं. वहीं, 15 फीसदी यूजर ने कहा कि 50 फीसदी से ज्यादा बार उन्हें वाई-फाई कॉल करना पड़ता है.


शिखर सम्मेलन से पहले दिल्ली में सुरक्षा का सख्त पहरा, संभावित प्रदर्शन पर भी नजर
चबूतरा तोड़ने को लेकर हंगामा, भाजपा कार्यकर्ता-पुत्र की हिरासत पर कोतवाली पहुंचे मंत्री
मंत्री संजय निषाद का बड़ा ऐलान, विनोद साहनी हत्याकांड में आज गोंडा में होगा घेराव
सीहोर में क्लोरीन गैस का कहर, 4 ग्रामीण अस्पताल में भर्ती; प्रशासन अलर्ट
छोटी शुरुआत, बड़ा मुकाम! UP के 8 स्टार्टअप पहुंचे अरबों डॉलर के वैल्यूएशन तक
‘हनुमान अंश’ पर CM मोहन यादव का बड़ा बयान, टैक्स फ्री करने को लेकर कही ये बात
सरकारी स्कूलों के खर्च पर सख्ती, प्रधानाचार्यों से मांगा जाएगा बच्चों के फंड का रिकॉर्ड
मंडावली में खूनी खेल, युवक पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला; मौत से मचा हड़कंप
MP में स्वाइन फ्लू का बढ़ा खतरा! इंदौर में H1N1 पॉजिटिव महिला की मौत