अमृत योजना का असर: गोला गोकर्णनाथ स्टेशन अब आधुनिकता की मिसाल
भारतीय रेलवे अमृत स्टेशन योजना के जरिए देश के कई स्टेशनों आधुनिक बनाने के साथ ही उनका कायाकल्प भी करवा रहा है. रेलवे की इस मुहिम से ज्यादातर स्टेशन अपने नए रंग-रूप में नजर आने लगे हैं. इन स्टेशनों पर यात्रियों के लिए सुविधाएं भी बढ़ी हैं. उत्तर प्रदेश में पड़ने वाला गोला गोकर्णनाथ रेलवे स्टेशन भी अपने नए अवतार में ढलने लगा है और अपनी खूबसूरती से लोगों का आकर्षित भी कर रहा है.
पूर्वोत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल के तहत आने वाले गोला गोकर्णनाथ रेलवे स्टेशन पर भी काम अपने अंतिम पड़ाव पर है. भारतीय रेलवे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कई तस्वीर शेयर करते हुए बताया कि यह स्टेशन अपने नए लुक में बेहद शानदार लग रहा है.
भगवान शिव की पावन धरती
रेलवे ने अपने पोस्ट में कहा, अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत देशभर के कई रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास कराया जा रहा है. आधुनिक सुविधाओं के साथ “अमृत स्टेशन” नए भारत की नई पहचान बनकर उभर रहे हैं. इसी सीरीज में उत्तर प्रदेश का एक प्रमुख स्टेशन है लखीमपुर खीरी जिले में पड़ने वाला गोला गोकर्णनाथ स्टेशन.
तब और अब. कितना बदल गया स्टेशन
अपने अगले पोस्ट में रेलवे ने कहा, “भगवान शिव के गोकर्णनाथ स्वरूप की पावन धरती पर स्थित यह स्टेशन नए रूप में अब पहले से कहीं अधिक सुंदर और सुव्यवस्थित हो गया है. स्टेशन की एंट्री पर बना आकर्षक फसाड इसकी भव्यता में चार चांद लगाता है.
वेटिंग हॉल
रेलवे ने इस स्टेशन की एक तस्वीर रात की भी पोस्ट की है, रोशनी में नहाया यह स्टेशन रात में भी काफी भव्य नजर आ रहा है. इस स्टेशन का कायाकल्प करीब 6.65 करोड़ रुपये की लागत से कराया जा रहा है. इस स्टेशन को हाईटेक बनाया या जा रहा है.
इस रेलवे स्टेशन से सवारी गाड़ी, मेल और एक्सप्रेस समेत एक दर्जन से अधिक गाड़ियां संचालित हो रही हैं. यहां से करीब 1500 यात्रियों का आवागमन रोजाना होता है.
अमृत स्टेशन योजना के तहत गोला गोकर्णनाथ रेलवे स्टेशन को आधुनिक बनाया गया है. स्टेशन बिल्डिंग में सुधार के साथ ही, प्लेटफार्म का विस्तार, वेटिंग हॉल, वीआईपी लाउंज, सेकेंड क्लास (महिला और पुरुष) वेटिंग हॉल का अपग्रेड कराया गया. आधुनिक तरीके से टॉयलेट भी बनाए गए हैं.

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