वर्क फ्रॉम होम का असर? गूगल वर्कस्पेस की मांग में भारी उछाल
गूगल के वर्कस्पेस ने पिछले साल दस लाख पेड यूजर जोड़े। इससे ऐसे यूजर्स की कुल संख्या 1.1 करोड़ से अधिक हो गई। भारत और दक्षिण एशिया में गूगल वर्कस्पेस की कंट्री हेड सुमेधा चक्रवर्ती ने यह जानकारी दी। चक्रवर्ती ने बातचीत में कहा, ‘एक साल से भी कम समय में पेड यूजर की संख्या 1 करोड़ से बढ़कर 1.1 करोड़ हो गई है। साथ ही ऐसी पेड कंपनियां भी बढ़ी हैं जो अब वर्कस्पेस का उपयोग कर रही हैं। यह ऐसा बदलाव है जो अब वैश्विक स्तर पर दिख रहा है। इस बदलाव का एक बड़ा कारण जेनरेटिव एआई है।’
भारत में गूगल वर्कस्पेस ग्राहक पोर्टफोलियो में बड़े उद्यम यूजर जुड़ने में तेजी आई है। चक्रवर्ती ने कहा कि यूनिकॉर्न का दर्जा हासिल करने वाली 85 प्रतिशत से अधिक स्टार्टअप कंपनियां अब वर्कस्पेस का उपयोग कर रही हैं।
उन्होंने कहा, ‘डिजिटल नेटिव स्पेस में हमारे पास वास्तविक बढ़त है। यह हमारा गढ़ रहा है और हम अपने गढ़ को लगातार मजबूत कर रहे हैं, खास तौर पर जेनरेटिव एआई आने के बाद से। बड़े उद्यम जो पारंपरिक रूप से अन्य उत्पादों का उपयोग करते रहे हैं, अपने पीऐंडएल (लाभ और हानि) को प्रभावित किए बिना जेनरेटिव एआई की आवश्यकता महसूस करते हैं।’
उन्होंने कहा, कि हालांकि जनरेटिव एआई के आगमन से साइबर सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं में वृद्धि हुई है। लेकिन वर्कस्पेस गूगल के आर्किटेक्चर और कंपनी के क्लाउड इन्फ्रास्ट्रक्चर में किसी भी बाहरी खतरे को नियंत्रित करने की क्षमता दिखाकर इन उपयोगकर्ताओं की चिंताओं का इंतजाम करने और निपटने में सक्षम रहा है।

महिला आरक्षण पर बढ़ा विवाद: कांग्रेस बोली—PM बुलाएं सर्वदलीय बैठक
AAP के भीतर सियासी बयानबाजी तेज, Saurabh Bharadwaj का Raghav Chadha पर हमला
युद्ध का असर भारत तक: तारकोल महंगा, सड़क परियोजनाएं अटकीं
सात राज्यसभा सदस्यों की सदस्यता रद्द करने की उठाई मांग
सबूत कमजोर या जांच में खामी? केस पर उठे सवाल
बिश्केक में भारत-चीन रक्षा मंत्रियों की बैठक, Rajnath Singh ने जताई खुशी
युवा क्रिकेटरों के सपनों को पंख, पीएम मोदी ने किया उद्घाटन
दो राज्यों में बड़ा मिशन: बंगाल-तमिलनाडु में BJP का विस्तार अभियान तेज